नई दिल्ली : लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने घोषणा की है कि आम बजट रविवार, 01 फरवरी को पेश किया जाएगा। संसदीय इतिहास में यह पहली बार होगा कि रविवार के दिन केंद्रीय बजट पेश किया जाएगा। वित्तीय वर्ष 2025-26 का आम बजट इस बार रविवार को पेश किया जाएगा। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सोमवार को इसकी औपचारिक घोषणा की। उन्होंने बताया कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण रविवार, 01 फरवरी को संसद में बजट पेश करेंगी। आमतौर पर संसद की कार्यवाही सप्ताहांत पर नहीं होती है, ऐसे में रविवार के दिन बजट प्रस्तुत होना एक ऐतिहासिक लम्हा बन जाएगा।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के लिए लगातार नौवां बजट पेश करना व्यक्तिगत तौर पर भी एक बड़ी उपलब्धि साबित होगा। इसके साथ ही, वह देश के पूर्व वित्त मंत्री मोरारजी देसाई की ओर से सर्वाधिक दस बजट पेश करने के स्थापित रिकॉर्ड के काफी नज़दीक पहुंच जाएंगी। मोरारजी देसाई ने वित्त मंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान कुल 10 बजट पेश किए थे, और निर्मला सीतारमण अब उस ऐतिहासिक संख्या से महज एक कदम की दूरी पर हैं।
संसद के बजट सत्र का पूरा शेड्यूल भी बना लिया गया है। सत्र की शुरुआत 28 जनवरी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संबोधन से होगी। वह लोकसभा कक्ष में लोकसभा और राज्यसभा के सदस्यों की संयुक्त रूप से संबोधित करेंगी। राष्ट्रपति के अभिभाषण के बाद, वित्त मंत्री के संसद के दोनों सदनों में आर्थिक सर्वेक्षण पेश किए जाने की उम्मीद है।
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने पूर्व में ही स्पष्ट कर दिया था कि बजट सत्र 28 जनवरी से शुरू होकर 2 अप्रैल तक चलेगा। संसदीय प्रक्रियाओं और बजट प्रस्तावों की बारीकी से जांच सुनिश्चित करने के लिए सत्र को दो चरणों में विभाजित किया गया है। बजट का पहला चरण 28 जनवरी से शुरू होकर 13 फरवरी तक चलेगा। 13 फरवरी के बाद सत्र स्थगित रहेगा और 9 मार्च को दोबारा इसकी शुरूआत होगी। इस अंतराल के दौरान संसदीय समितियां विभिन्न मंत्रालयों की अनुदान मांगों और बजट प्रस्तावों की जांच करेंगी।
आम बजट का दूसरा चरण 9 मार्च से शुरू होकर 2 अप्रैल तक चलने की संभावना है।1 फरवरी को सरकार की ओर से आधिकारिक तौर पर ‘बजट के दिन’ के रूप में नामित किया गया है। रविवार को बजट पेश करने का निर्णय और निर्मला सीतारमण का 9वां बजट होने से यह महत्वपूर्ण बजट सत्र बन जाता है। अब देखने वाली बात यह होगी कि पहली बार रविवार को पेश होने वाला बजट, बाजार, उद्योग जगत और अर्थव्यवस्था के लिए क्या नया लेकर आएगा।
