छत्तीसगढ़: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह शनिवार को तीन दिवसीय छत्तीसगढ़ दौरे पर पहुंचे। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने उनका स्वागत किया। गृह मंत्री अपनी यात्रा के दौरान नक्सलवाद पर आयोजित बैठक की अध्यक्षता करेंगे और बस्तर पंडुम 2026 उत्सव के समापन समारोह में भी शिरकत करेंगे।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दौरे से ठीक पहले छत्तीसगढ़ के बस्तर डिवीजन के दो जिलों में 51 नक्सलियों ने सरेंडर कर दिया। इन सभी नक्सलियों पर 1.60 करोड़ रुपए से अधिक का इनाम घोषित था। नक्सलवाद के खात्मे की 31 मार्च की डेडलाइन नजदीक आने के साथ इस वर्ष अब तक राज्य में करीब 300 नक्सली सरेंडर कर चुके हैं।
इन नक्सलियों ने सरेंडर बस्तर जिले के मुख्यालय जगदलपुर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के बस्तर पंडुम 2026 फेस्टिवल के उद्घाटन और केंद्रीय गृह मंत्री शाह के तीन दिवसीय दौरे पर शनिवार को रायपुर पहुंचने के दौरान किया।
सरेंडर करने वाले 51 नक्सलियों में 34 महिलाएं भी शामिल हैं। बीजापुर जिले में 20 महिला नक्सलियों समेत 30 ने सरेंडर किया और पड़ोसी सुकमा जिले में 14 महिला नक्सलियों सहित 21 ने सरेंडर किया। सरेंडर करने वाले सभी नक्सली बस्तर पुलिस की पूना मार्गेम पुनर्वास पहल के तहत मुख्यधारा में शामिल हो गए। नक्सलियों ने राज्य सरकार की सरेंडर और पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर सरेंडर किया है।
सुकमा में नक्सलियों ने एके-47 राइफलें व मैगजीन, सेल्फ लोडिंग राइफलें और मैगजीन, इंसास राइफल, सिंगल-शॉट बंदूकें, 20 राउंड के साथ बैरल ग्रेनेड लॉन्चर, जिलेटिन स्टिक और नॉन-इलेक्ट्रिक डेटोनेटर भी पुलिस को सौंप दिए।
नक्सलियों के आत्मसमर्पण पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि हथियारों को छोड़ कर संविधान और लोकतांत्रिक व्यवस्था में आस्था व्यक्त करना सुरक्षा और सुशासन की कामयाबी का संकेत है। उन्होंने कहा कि समावेशी प्रगति ही किसी भी क्षेत्र के दीर्घकालिक भविष्य की सुदृढ़ नींव होती है।
