जम्मू : भारत की सीमाओं में सरहद पार से घुसपैठ की आशंका के चलते भारत-पाक अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सतर्कता बरती जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां को पाकिस्तान के मंसूर बड़ा भाई लांचिंग पैड पर आतंकियों की मौजूदगी के इनपुट मिले हैं। इसके पश्चात सुरक्षाबल और एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। किसी भी घुसपैठ को रोकने के लिए बीएसएफ अधिकारी भी जवानों के साथ बख्तरबंद गाड़ियों में रातें व्यतीत कर रहे हैं। सीमा पर गश्त भी बढ़ा दी गई है।
रक्षा सूत्रों के मुताबिक सीमा पार लश्कर-ए-तायबा के आतंकियों की गतिविधियां देखी जा रही हैं। इसके बाद से सीमा सुरक्षा बल के जवान सीमा पर हर गतिविधि पर सतर्कता बरत रहे हैं। सीमावर्ती क्षेत्रों में दिन-रात गश्त की जा रही है। संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त जवानों की तैनाती की गई है और नदी नालों को खंगाला जा रहा है। बीएसएफ के अधिकारी स्वयं मौके पर मौजूद रहकर दुश्मन की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं।
रक्षा सूत्रों के अनुसार सीमा पार लश्कर-ए-तायबा के आतंकियों की गतिविधियां देखी गई हैं, जिसके बाद से सीमा सुरक्षा बल के जवान सीमा पार की प्रत्येक गतिविधि पर पैनी नजर बनाए हुए हैं। सीमावर्ती क्षेत्रों में दिन और रात की गश्त को भी बढ़ा दिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सीमावर्ती इलाकों में पाकिस्तान की तरफ से ड्रोन घुसपैठ की गतिविधियां बढ़ी हैं। इसके मद्देनजर बीएसएफ के जवान अत्याधुनिक निगरानी उपकरणों, नाइट विजन कैमरों आदि के माध्यम से सीमा पार की हर गतिविधि की निगरानी की जा रही है।
बीएसएफ के अधिकारियों का कहना है कि जवान किसी भी चुनौती से निपटने के लिए सक्षम हैं। दुश्मन के हर दुस्साहस का माकूल जवाब दिया जाएगा। उन्होंने नागरिकों से कहा कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस चौकी या बीएसएफ को दें।
सेना की टुकड़ियों से भी सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा किया गया है। सेना की क्यूआरटी भी दिनरात क्षेत्र में गश्त कर रही है। विदित हो कि जिला प्रशासन की ओर से पहले ही भारत-पाकिस्तान सीमा की एक किलोमीटर पट्टी में रात का कर्फ्यू लगाया गया है।
