हिमाचल प्रदेश: हिमाचल प्रदेश शीतलहर की चपेट में है। जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति के ताबो में इस सीजन में पहली बार न्यूनतम तापमान माइनस 10 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है, जो बीते दिन से कुछ ज्यादा निम्न स्तर पर था। इसके अलावा अन्य स्थानों का न्यूनतम पारा भी माइनस में दर्ज हुआ है। शिमला सहित राज्य के कई स्थानों पर न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस से कम दर्ज किया गया है जिसके चलते ठिठुरन में लगातार इजाफा हो रहा है। पहाड़ों के साथ मैदानी और मध्यम ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भी रातें बेहद ठंडी हो गई हैं, हालांकि दिन में धूप निकल रही है।
ऊना जिले के पहाड़ी क्षेत्रों में सुबह के वक्त तेज धूप निकल रही है और मैदानी इलाकों में घना कोहरा छा रहा है। कोहरे की वजह से सुबह दृश्यता में कमी आ रही है, जिससे वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, 7 से 10 जनवरी के बीच प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में मौसम शुष्क बना रहेगा, हालांकि ठंड से राहत के कोई खास संकेत नहीं दिखाई दे रहे हैं। लगातार गिरते तापमान, शीतलहर और कोहरे की वजह से आम लोगों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है और पहाड़ी से लेकर मैदानी इलाकों में प्रस्तावित बर्फबारी से ठंड और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
नए साल पर हिमाचल की ऊंची चोटियों पर हुई बर्फबारी के बाद ठंड में इजाफा हुआ है। कई स्थानों पर शीतलहर का प्रकोप दिखाई दे रहा है। आमजनमानस अलाव का सहारा लेकर ठंड से बचाव कर रहे हैं। कई स्थानों पर सुबह से बादल छाए रहने के कारण सूर्यदेव के दर्शन देरी से हो रहे है, इस कारण भी लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ रहा है।
बिलासपुर, मंडी, ऊना समेत कई जगहों पर धुंध पड़ने से सूरज देरी से निकल रहा है, इसकी वजह से भी ठंड बढ़ रही है।हिमाचल में कई शहरों का न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया जा चुका है। कल्पा कुकसेरी का तापमान शून्य से नीचे पहुंच गया है, जबकि मनाली, नारकंडा का न्यूनतम तापमान शून्य को छू चुका है।ऊंचाई वाले क्षेत्रों में तापमान माइनस 6 से 1 डिग्री सेल्सियस की रेंज में दर्ज हुआ है। मध्य पहाड़ियों पर 2 से 7 डिग्री सेल्सियस की रेंज में और राज्य के निचले क्षेत्रों में तापमान 3 से 8 डिग्री सेल्सियस की रेंज में दर्ज किया जा रहा है। तापमान में आई इस गिरावट से लोगों को भयंकर ठंड का सामना करना पड़ रहा है।
