जम्मू : सोमवार को सोमवती अमावस्या और संक्रांति के अवसर पर माता वैष्णो देवी मंदिर में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। गर्मियों की छुट्टियों के चलते इन दिनों प्रतिदिन तकरीबन 50 हजार यात्री कटड़ा पहुंच रहे हैं। प्राप्त आंकड़ों के अनुसार सोमवार शाम पांच बजे तक ही 40,000 से अधिक श्रद्धालु पंजीकरण करवाकर भवन की ओर रवाना हो चुके थे।
रविवार को 48 हजार से अधिक भक्तों ने मां के चरणों में हाजिरी लगाई थी। भीड़ के लगातार बढ़ते दबाव की वजह से श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड को समय से पहले ही पंजीकरण केंद्र बंद करने पड़े। विदित हो कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के दिशा-निर्देशों के अनुसार प्रतिदिन अधिकतम 50 हजार श्रद्धालुओं को ही यात्रा की अनुमति प्रदान की जा रही है। जैसे ही संख्या इस सीमा के पास पहुंचती है, बोर्ड एहतियातन पंजीकरण बंद कर देता है।
भक्तों और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के मद्देनजर पुलिस, प्रशासन, श्राइन बोर्ड और सीआरपीएफ के जवान व्यवस्थाएं बनाए रखने के लिए पूरी तरह मुस्तैद हैं। विगत दिवस त्रिकुटा पर्वत पर बादलों की आवाजाही के चलते मौसम सुहावना बना रहा जिससे श्रद्धालुओं को गर्मी से राहत मिली। मां के दर्शन करने के पश्चात श्रद्धालु भैरों घाटी जाकर भैरों बाबा के दर्शन कर वापिस लौट रहे हैं।
माता वैष्णो देवी की यात्रा इन दिनों अपने पूरे चरम पर पहुंच गई है। मां के दिव्य दर्शन करने के लिए देशभर से श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ रहा है। यात्रा पंजीकरण केंद्रों से लेकर यात्रा मार्ग, सुरक्षा जांच केंद्रों और भवन परिसर तक प्रत्येक ओर श्रद्धालुओं की लंबी-लंबी कतारें दिखाई दे रही हैं।
श्रद्धालुओं की बढ़ती हुई संख्या को देखते हुए श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड द्वारा सभी यात्रा पंजीकरण केंद्र खोल दिए गए हैं, जिससे अधिक से अधिक श्रद्धालुओं का पंजीकरण तीव्रता से करके उन्हें आरएफआईडी यात्रा कार्ड उपलब्ध कराया जा सके। इसके बावजूद पंजीकरण केंद्रों पर भारी भीड़ के चलते यात्रियों और श्रद्धालुओं को बहुत दिक्कतें हो रही है। भीषण गर्मी और प्यास के बीच श्रद्धालु घंटों कतारों में खड़े रहने को मजबूर हो रहे हैं।
हालांकि कठिन परिस्थितियों के बावजूद श्रद्धालुओं के चेहरों पर मां के प्रति आस्था स्पष्ट नजर आ रही थी। जय माता दी के जयकारों के साथ श्रद्धालु निरंतर भवन की ओर रवाना हो रहे हैं। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए पुलिस, प्रशासन, श्राइन बोर्ड और सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्कता बरत रही हैं। यात्रा मार्ग पर यात्रियों को लगातार आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा रहे हैं जिससे वे असुविधा से बचे रहें और यात्रा सुचारु बनी रहे।
यात्रा काल में किसी दिन खराब मौसम के कारण हेलिकॉप्टर सेवा को अस्थायी रूप से स्थगित करना पड़ रहा है। परंतु इस दौरान घोड़ा, पिट्ठू, पालकी, बैटरी कार और रोपवे की सेवाएं सामान्य रूप से जारी रहती हैं। इन सेवाओं के जारी रहने से श्रद्धालुओं को किसी खास परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता। कई दिन से पड़ रही भीषण गर्मी के कारण श्रद्धालुओं को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था लेकिन बीच – बीच में मौसम में आ रहे बदलाव से न केवल श्रद्धालुओं बल्कि स्थानीय लोगों को भी राहत मिल रही है।
भवन पर मां वैष्णो देवी के दिव्य दर्शन करने के पश्चात अधिकांश श्रद्धालु भैरों घाटी की ओर रवाना हो रहे हैं और बाबा भैरवनाथ के चरणों में नतमस्तक होकर अपनी यात्रा पूरी कर रहे हैं। यात्रा के बढ़ते रुझान का असर कटड़ा के विभिन्न बाजारों में भी देखने को मिल रहा है। यात्रा पूरी करने के बाद श्रद्धालु बाजारों में खरीदारी कर रहे हैं जिससे बाजारों में खूब रौनक बनी हुई है।
