उत्तर प्रदेश : उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि अब प्रदेश में पढ़ने और पढ़ाने का माहौल है। अब यदि बच्चे पढ़ने में रुचि दिखाएंगे तो प्रदेश के साथ देश की सरकार उनकी मदद करेगी।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित भारत का सपना केवल खजाना भरना नहीं है बल्कि प्रत्येक बच्चे को शिक्षित करना है। वर्ष 2047 में जब देश आजादी की 100वीं वर्षगांठ मना रहा होगा, उस समय यूपी का हर बच्चा शिक्षित होगा। जिस तरह तमाम क्षेत्रों में आज यूपी सबसे आगे है, उसी तरह शिक्षा के क्षेत्र में भी हम पहले स्थान पर पहुंचेंगे।
डिप्टी सीएम ने कहा कि आज पूरी दुनिया में भारतीयों की प्रतिभा की सराहना की जा रही है। अब अगली पीढ़ी को देश को विकसित बनाने में अपनी अहम भूमिका निभानी है। विदित हो कि डिप्टी सीएम ने सोमवार को इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित किए जा रहे यूपी बोर्ड और संस्कृत बोर्ड के मेधावियों के सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए अपने विचार रखे।
डिप्टी सीएम ने कहा कि पीएम मोदी ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान चलाया जिसके फलस्वरूप आज प्रत्येक क्षेत्र में बालिकाएं आगे बढ़ रही हैं। पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह का स्मरण करते हुए मौर्य ने कहा कि जब वह नकल अध्यादेश लेकर आए थे तो प्रदेश के बच्चों ने पढ़ना आरंभ कर दिया था।
उन्होंने बताया कि उनके पौत्र संदीप सिंह आज बतौर बेसिक शिक्षा मंत्री मंच पर विराजमान हैं जो स्वयं भी उच्च शिक्षा ग्रहण कर चुके हैं। वहीं प्रदेश में भाजपा सरकार में बतौर लोक निर्माण विभाग के मंत्री रहने के दौरान मेधावियों के घर तक सड़क बनाने की अपनी घोषणा पर उन्होंने बताया कि एक बच्चे ने मुझसे कहा कि घर तक सड़क है, यदि स्कूल तक भी बन जाती तो अच्छा रहता। मैंने उससे कहा था कि स्कूल तक भी सड़क अवश्य बनेगी।
केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि यदि अभिभावक और गुरुजन अपनी जिम्मेदारी का सही तरीके से निर्वहन करें तो बच्चे को सफल बनने से कोई नहीं रोक सकता। मंजिल उन्हीं को मिलती है जिनके सपनों में जान होती है, पंखों से कुछ नहीं होता हौसलों से उड़ान होती है…। आप पूरे विश्वास के साथ आगे बढ़िए, प्रदेश और देश की सरकार आपके साथ खड़ी है।
डिप्टी सीएम ने कहा कि आज प्रदेश में पढ़ने और पढ़ाने का माहौल है। यदि आप पढ़ने में रुचि दिखाएंगे तो सरकार भी आपकी मदद करेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सुनिश्चित करेंगे कि जो बच्चा जिस क्षेत्र में अच्छा करने का प्रयास करेगा, उसी में उसे आगे बढ़ने का अवसर प्रदान किया जाएगा। आपको इस माहौल का लाभ उठाना चाहिए। उन्होंने अभिभावकों से कहा कि बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार करना चाहिए ताकि बच्चे खुलकर अपनी बात आपसे साझा कर सकें।
प्रदेश की माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री गुलाब देवी ने सभी विद्यार्थियों को सफलता के लिए बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि यह एक बड़ा अवसर है जब हम बच्चों की सफलता की खुशी मना रहे हैं। उन्होंने बच्चों को प्रेरित करते हुए कहा कि जीवन में खूब परिश्रम करें और समय का हमेशा ध्यान रखें।
जीवन में चुनौतियां बहुत हैं इसलिए अनुशासित रहना परम आवश्यक है। हम सरकारी स्कूलों के इंफ्रास्ट्रक्चर को प्राइवेट स्कूलों की तरह बनाने की कोशिश कर रहे हैं। जहां पर बच्चों के खेलने-कूदने की भी व्यवस्था होगी। बच्चों का भविष्य हमारी प्राथमिकता में शुमार है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद से माहौल बदल गया है। अब नकल विहीन परीक्षा होती है परंतु पहले ऐसा संभव नहीं था। उन्होंने मेधावियों को जीवन में अनुशासित रहने और खूब परिश्रम करने की सलाह दी।
उन्होंने कहा कि शिक्षकों के ऊपर बहुत बड़ी जिम्मेदारी होती है। अभिभावक उन्हें अपना बच्चा सौंप देते हैं और ऐसे में जरूरी है कि शिक्षक अपने व्यवहार और पोशाक पर भी ध्यान दें। शिक्षकों का व्यवहार ऐसा होना चाहिए कि छात्र उनका सम्मान करें।
शिक्षक स्वयं भी अनुशासित रहें जिससे कि छात्र उनका अनुसरण कर सकें। महिला शिक्षक अपने पहनावे पर भी विशेष ध्यान दें क्योंकि अब तो कई बार तो पता ही नहीं चल पाता कि कौन छात्र है और कौन शिक्षक? शिक्षकों को हमेशा ही अपने आचरण से विद्यार्थियों के सम्मुख उदाहरण प्रस्तुत करना चाहिए।
बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री संदीप सिंह ने भी इस कार्यक्रम में शिरकत की । उन्होंने अपने संबोधन में सभी विद्यार्थियों को बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि शिक्षा हमारे राष्ट्र को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने में बड़ा योगदान प्रदान करने वाली है। हमारा प्रयास है कि हम अपने विद्यार्थियों को वह सभी सुविधाएं उपलब्ध करवाएं जो आवश्यक हैं। शिक्षा हमारी सरकार की प्राथमिकता है और यही कारण है कि मौजूदा समय में बच्चों का ड्रॉप आउट रेट कम हुआ है। यह शिक्षा के क्षेत्र में आए बदलावों का ही सुपरिणाम है।
